गुप्तोत्तर काल
- प्रश्न 11 ‘जो यहां है वह अन्यत्र भी है, जो यहां नही है वह कहीं नहीं है’ यह निम्न में से किस ग्रन्थ में कहा गया है -
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- (अ) रामायण
- (ब) महाभारत
- (स) गीता
- (द) राजतरंगिणी
उत्तर : महाभारत
- प्रश्न 12 हर्ष के साम्राज्य की राजधानी थी -
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- (अ) कन्नौज
- (ब) पाटलिपुत्र
- (स) प्रयाग
- (द) थानेश्वर
उत्तर : कन्नौज
- प्रश्न 13 त्रिपक्षीय संघर्ष में भाग नहीं लिया -
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- (अ) राष्ट्रकूटों ने
- (ब) प्रतिहारों ने
- (स) पालों ने
- (द) चालुक्यों ने
उत्तर : चालुक्यों ने
- प्रश्न 14 हर्ष को पराजित किया -
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- (अ) भास्कर ने
- (ब) शशांक ने
- (स) ध्रुवसेन ने
- (द) पुलकेशिन 2 ने
उत्तर : पुलकेशिन 2 ने
- प्रश्न 15 हर्ष को पराजित किया -
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- (अ) भास्कर ने
- (ब) शशांक ने
- (स) ध्रुवसेन ने
- (द) पुलकेशिन 2 ने
उत्तर : पुलकेशिन 2 ने
- प्रश्न 16 गुप्तोत्तर काल में भारत में आयात की प्रमुख मद थी -
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- (अ) घोड़े
- (ब) चमड़े की वस्तुएं
- (स) औषधियां
- (द) रेशम
उत्तर : घोड़े
- प्रश्न 17 निम्नलिखित में से कौन सा विद्वान हर्षवर्धन के दरबार में नहीं था -
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- (अ) बाणभट्ट
- (ब) मयूरभट्ट
- (स) मतंग दिवाकर
- (द) मयूर शरमन
उत्तर : मयूर शरमन
- प्रश्न 18 भारत की यात्रा करने वाले इन यात्रियों का कालक्रमानुसार सही क्रम निम्न में से कौन सा है ?
a. Thomas Roe / टामस रो
b. Fa-hein / फाह्यान
c. Hiuen Tsang / द्वेनसांग
Rajasthan Patwar 2021 (24 Oct 2021 ) 2nd shift -
- (अ) a, b, c
- (ब) c, a, b
- (स) b, a, c
- (द) b, c, a
उत्तर : b, c, a
- प्रश्न 19 चीनी तीर्थयात्री “श्वैन त्सांग” किस राजा के दरबार में रहे थे -
REET-2022 Level 2 (सामाजिक अध्ययन) Shift-II -
- (अ) चन्द्रगुप्त
- (ब) समुद्रगुप्त
- (स) हर्ष
- (द) कनिष्क
उत्तर : हर्ष
- प्रश्न 20 निम्नलिखित में से कौनसा कथन सही नहीं है -
RPSC EO/RO Re-Exam - 2022 -
- (अ) मालव संवत् का प्रारम्भ 78 ई. से. हुआ था।
- (ब) मालवों ने वैदिक यज्ञ परम्परा को समर्थन देना जारी रखा था।
- (स) मालव सिक्कों पर सूर्य एवं बोधि वृक्ष अंकित हैं।
- (द) मालव सिक्कों पर सेनापतियों के नाम अंकित हैं।
उत्तर : मालव संवत् का प्रारम्भ 78 ई. से. हुआ था।
व्याख्या :
मालव युग विक्रम संवत को संदर्भित करता है, विक्रम संवत शब्द का उपयोग 9 वीं शताब्दी तक के ऐतिहासिक अभिलेखों में नहीं है। इसे अक्सर मालवा या कृता युग कहा जाता है। विक्रम संवत या विक्रमी कैलेंडर एक हिंदू कैलेंडर प्रणाली का एक प्रकार है।विक्रमी कैलेंडर 57 ईसा पूर्व में शुरू होता है और इसलिए जब हम 493 में से 57 घटाते हैं तो समय अवधि 436 ई.पू. होती है। माना जाता है कि विक्रम संवत या विक्रमी कैलेंडर की शुरुआत उज्जैन के राजा विक्रमादित्य ने की थी।
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